गुप्तोत्तर काल के प्रमुख राजवंश

गुप्तोत्तर काल के प्रमुख राजवंश – पाल वंश, चालुक्य, राष्ट्रकूट वंश, पल्लव वंश, गंग वंश, चोल वंश पाल वंश की स्थापना बौद्ध धर्म के अनुयायी गोपाल (750-770 ई.) ने की थी।

हर्षवर्धन (590-647 ई.) – पुष्यभूति वंश

हर्षवर्धन (590-647 ई.) इस वंश का महान् शासक था। उसने अपनी राधानी थानेश्वर से कन्नौज स्थानान्तरित की।

प्रजामण्डल आंदोलन – Prajamandal Movement

प्रजामण्डल आंदोलन – नागरिको के मौलिक अधिकारों की बहाली करने के उद्देश्य से किये गये आंदोलन प्रजामण्डल आंदोलन के नाम से जाने जाते हैं। 

राजस्थान का एकीकरण – Rajasthan ka Ekikaran

राजस्थान का एकीकरण – राजस्थान का एकीकरण 7 चरणों में पूरा हुआ राजस्थान का एकीकरण 18 मार्च 1948 से शुरू होकर 1 नवंबर 1956 को पूरा हुआ इसमें 8 वर्ष 7 माह 14 दिन लगे।

किसान आंदोलन – बिजौलिया,बेंगू,नीमचणा,शेखावाटी,मेवाड़

किसान आंदोलन – बिजौलिया में 1897 ई. से किसान आंदोलन शुरू होता हैं। यह आंदोलन ‘धाकड़’ जाति के किसानों द्वारा किया गया। किसान आंदोलन के मुख्य कारण

1857 की क्रांति ( राजस्थान ) – Revolution of 1857

1857 की क्रांति ( राजस्थान ) – 1857 की क्रांति के समय यहां A.G.G. (Geogre Patrick Laurence) था। – 28 मई 1857 ई. में राजस्थान में सबसे पहले नसीराबाद की छावनी

जाट वंश ( भरतपुर ) – Jat dynasty

राजस्थान के पूर्वी भाग भरतपुर, धौलपुरस डींग आदि क्षेत्रों पर जाट वंश का शासन था। सूरजमल को ‘जाटो का प्लेटों’ और ‘जाटो का अफलातून’ कहते हैं। 

करौली का इतिहास ( यादव वंश ) – History of Karauli

करौली का इतिहास ( यादव वंश ) – करौली में यादवों की ‘जादौन’ शाखा थी। स्वामी दयानन्द सरस्वती सबसे पहले (राजस्थान में) करौली मदनपाल जी के निमत्रंण पर आए थे।

भाटी वंश का इतिहास ( जैसलमेर ) – History of Bhati Dynasty

भाटी वंश – भाटी भगवान श्रीकृष्ण के वंशज हैं। भाटी यदुवंशी होते हैं, इसलिए जैसलमेर के राजचिन्ह में ‘छत्राला यादवपति’ लिखा हुआ हैं। 

अलवर रियासत का इतिहास – History Of Alwar

आजादी के समय अलवर का शासक महात्मा गांधी की हत्या में इनकी संदिग्ध भूमिका थी, पर बाद में न्यायपालिका ने इन्हें क्लीन चिट दे दी।